एसएलएमजी बेवरेजेज ने ₹8,000 करोड़ की बिक्री पार की, 2026 में ₹10,000 करोड़ के लक्ष्य की ओर अग्रसर
लखनऊ | 11 जनवरी 2026 देश के प्रमुख कोका-कोला बॉटलर्स में से एक, एसएलएमजी बेवरेजेज ने लखनऊ के नज़दीक त्रिशुंडी (अमेठी) स्थित अपने अत्याधुनिक बॉटलिंग प्लांट का मीडिया के सामने विस्तारपूर्वक परिचय दिया। यह संयंत्र दक्षिण-पश्चिम एशिया का सबसे बड़ा कोका-कोला बॉटलिंग प्लांट है, जो कंपनी की उच्च उत्पादन क्षमता और तकनीकी दक्षता को उजागर करता है। लगभग 35 एकड़ क्षेत्र में फैले इस प्लांट में कोक, थम्स अप, स्प्राइट, फैंटा, लिम्का, माज़ा और किन्ले जैसे ब्रांड्स की आठ आधुनिक उत्पादन लाइनें संचालित हैं। प्लांट की कुल उत्पादन क्षमता लगभग 4,600 बोतल प्रति मिनट है और औसतन प्रतिदिन 2.5 लाख केस का उत्पादन होता है, जो पीक सीज़न में 3 लाख केस तक पहुंच जाता है। 400 स्थायी और करीब 600 अनुबंध कर्मचारियों के साथ काम करने वाला यह केंद्र एडवांस PET बोतल (ASSP) तकनीक से सुसज्जित है, जिससे उत्पादों की शेल्फ लाइफ 2 महीने से बढ़कर 8 महीने हो जाती है। एसएलएमजी बेवरेजेज ने वर्ष 2025 में ₹8,000 करोड़ की बिक्री का आंकड़ा पार किया है और 2026 में ₹10,000 करोड़ से अधिक की बिक्री हासिल करने की दिशा में तेजी से अग्रसर है। कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री पारितोष लधानी ने कहा, “हमारा उद्देश्य ऐसे प्रोजेक्ट्स विकसित करना है जो आकार, गुणवत्ता और दीर्घकालिक प्रासंगिकता में मिसाल बनें। फरवरी में बक्सर में देश के एक और प्रमुख प्लांट का औपचारिक उद्घाटन किया जाएगा।” एसएलएमजी बेवरेजेज अपने बॉटलिंग प्लांट और मजबूत लॉजिस्टिक्स नेटवर्क के माध्यम से न केवल वर्तमान मांग को पूरा कर रही है, बल्कि भविष्य की तेजी से बढ़ती उपभोक्ता जरूरतों के लिए भी तैयार है। कंपनी पेशेवर प्रबंधन, तकनीकी नवाचार और उच्च गुणवत्ता मानकों के माध्यम से भारत के पेय उद्योग में अपनी नेतृत्वकारी स्थिति को और मजबूत कर रही है।