वेनेजुएला में रहस्यमयी हथियार के इस्तेमाल का दावा, अमेरिकी कार्रवाई पर उठे गंभीर सवाल
कराकस | 11 जनवरी 2026 वेनेजुएला में हुई अमेरिकी सैन्य कार्रवाई को लेकर एक चौंकाने वाला दावा सामने आया है। वेनेजुएला के एक सैनिक ने आरोप लगाया है कि इस ऑपरेशन के दौरान अमेरिका ने किसी अत्याधुनिक और रहस्यमयी हथियार का इस्तेमाल किया, जिसके प्रभाव से गार्ड्स को तेज चक्कर आए और कुछ सैनिक खून की उल्टियां करने लगे। न्यूयॉर्क पोस्ट की एक रिपोर्ट के अनुसार, यह दावा उस सैनिक ने किया है जो अपदस्थ राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की सुरक्षा में तैनात था। सैनिक का कहना है कि बेहद कम संख्या में मौजूद अमेरिकी जवानों ने तकनीकी रूप से अत्यंत उन्नत हथियारों और उपकरणों के दम पर वेनेजुएला के सुरक्षाबलों को पूरी तरह पस्त कर दिया। सैनिक ने बताया कि हमले से कुछ मिनट पहले ही वेनेजुएला की सैन्य प्रणालियां अचानक फेल हो गईं। रडार सिस्टम बंद हो गए और बिना किसी चेतावनी के आसमान में ड्रोन दिखाई देने लगे। इसके बाद हेलीकॉप्टरों से करीब 20 अमेरिकी सैनिक उतरे, जिन्होंने बेहद सटीक और योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई को अंजाम दिया। वेनेजुएला के गृह मंत्रालय ने इस सैन्य अभियान में लगभग 100 सैनिकों के मारे जाने की पुष्टि की है। वहीं, व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव कैरोलिन लेविट ने इस रिपोर्ट को सोशल मीडिया पर साझा जरूर किया है, लेकिन अमेरिकी अधिकारियों ने अब तक इस बात की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है कि किसी विशेष या रहस्यमयी हथियार का इस्तेमाल किया गया था। इस दावे के बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अमेरिका की सैन्य रणनीति और हथियारों को लेकर नई बहस छिड़ गई है। वेनेजुएला ऑपरेशन पर सनसनीखेज दावा: ‘रहस्यमयी अमेरिकी हथियार’ से सैनिकों में मचा हड़कंप वेनेजुएला में अमेरिकी सैन्य कार्रवाई को लेकर एक नया और चौंकाने वाला आरोप सामने आया है। एक वेनेजुएलियन सैनिक ने दावा किया है कि ऑपरेशन के दौरान अमेरिका ने ऐसे अत्याधुनिक हथियार का इस्तेमाल किया, जिसके असर से सुरक्षाबलों को अचानक चक्कर आने लगे और कुछ जवानों को खून की उल्टियां तक होने लगीं। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, यह बयान उस सैनिक का है जो अपदस्थ राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की सुरक्षा में तैनात था। उसके मुताबिक, बेहद कम संख्या में मौजूद अमेरिकी सैनिकों ने उच्च तकनीक और सटीक रणनीति के जरिए वेनेजुएला के गार्ड्स को कुछ ही समय में घुटनों पर ला दिया। सैनिक ने यह भी कहा कि हमले से कुछ मिनट पहले ही देश की सैन्य व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई थी। रडार और संचार प्रणालियां अचानक बंद हो गईं, आसमान में ड्रोन दिखाई देने लगे और फिर हेलीकॉप्टरों से अमेरिकी जवानों की एंट्री हुई, जिसने हालात को और गंभीर बना दिया। वेनेजुएला के गृह मंत्रालय ने इस सैन्य कार्रवाई में करीब 100 सैनिकों के मारे जाने की बात मानी है। हालांकि, अमेरिका की ओर से अब तक किसी भी रहस्यमयी हथियार के इस्तेमाल की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है, जिससे इस दावे पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सवाल और बहस तेज हो गई है।