अंडर-19 विश्व कप 2026: ये 5 भारतीय खिलाड़ी कर सकते हैं विरोधियों की धज्जियां
दिल्ली | 15 जनवरी 2026 अंडर-19 वनडे विश्व कप 2026 का आगाज आज से हो गया है और भारतीय टीम इस बार खिताब की मजबूत दावेदार मानी जा रही है। टीम में आक्रमण, स्थिरता और विविधता का बेहतरीन मिश्रण है। ओपनिंग जोड़ी वैभव सूर्यवंशी और कप्तान आयुष म्हात्रे बड़े स्कोर बनाने की क्षमता रखते हैं, जबकि मध्यक्रम के खिलाड़ी अभिज्ञान कुंडू जैसे दबाव की परिस्थितियों में टीम को संभाल सकते हैं। विशेष ध्यान इस बार पांच खिलाड़ियों पर है। वैभव सूर्यवंशी ने पिछले 18 मैचों में 973 रन बनाए हैं और उनका औसत 54.05 है। अभिज्ञान कुंडू का औसत 54.88 है और उन्होंने पाकिस्तान के खिलाफ महत्वपूर्ण प्रदर्शन किया था। कप्तान आयुष म्हात्रे बिना डर के खेलते हैं और मैच का रुख पलटने की क्षमता रखते हैं। गेंदबाजी में डी. दीपेश शुरुआती ओवरों में विकेट निकालने के लिए जाने जाते हैं और उन्होंने पाकिस्तान के खिलाफ प्रभावशाली प्रदर्शन किया। ऑलराउंडर कनिष्क चौहान बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों में टीम को संतुलन प्रदान करते हैं। उनकी 15 विकेट और 258 रन की उपलब्धि टीम के लिए निर्णायक हो सकती है। टीम प्रबंधन का मानना है कि ये पांच खिलाड़ी अकेले दम पर मैच का रुख बदल सकते हैं। भारतीय अंडर-19 टीम का पहला मुकाबला आज दोपहर एक बजे अमेरिका के खिलाफ खेला जाएगा और इन खिलाड़ियों की भूमिका टीम की सफलता में निर्णायक साबित हो सकती है। अंडर-19 विश्व कप 2026: ये 5 भारतीय खिलाड़ी कर सकते हैं विरोधियों की धज्जियां, दो का औसत 50+ अंडर-19 वनडे विश्व कप 2026 का आज से आगाज हो रहा है और भारतीय टीम इस बार भी खिताब का मजबूत दावेदार मानी जा रही है। टीम में आक्रमण, स्थिरता और विविधता का शानदार मिश्रण है। ओपनिंग जोड़ी वैभव सूर्यवंशी और कप्तान आयुष म्हात्रे बड़े स्कोर बनाने की क्षमता रखते हैं, जबकि अभिज्ञान कुंडू जैसे मध्यक्रम के बल्लेबाज दबाव की परिस्थितियों में टीम को संभाल सकते हैं। विशेष ध्यान इस बार पांच खिलाड़ियों पर है। वैभव सूर्यवंशी ने पिछले 18 मैचों में 973 रन बनाए हैं और उनका औसत 54.05 है। वहीं अभिज्ञान कुंडू का औसत 54.88 है और उन्होंने पाकिस्तान के खिलाफ अहम योगदान दिया है। कप्तान आयुष म्हात्रे बिना डर के खेलते हुए मैच का रुख बदलने की क्षमता रखते हैं। गेंदबाजी में डी. दीपेश पावरप्ले में विकेट निकालने के लिए जाने जाते हैं और पाकिस्तान के खिलाफ उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया था। ऑलराउंडर कनिष्क चौहान बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों में टीम को संतुलन प्रदान कर सकते हैं। उनकी 15 विकेट और 258 रन की उपलब्धि टीम के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। भारत के कोच और टीम प्रबंधन का मानना है कि यह खिलाड़ी अकेले दम पर मैच का रुख बदल सकते हैं। आज दोपहर एक बजे भारत का पहला मुकाबला अमेरिका के खिलाफ खेला जाएगा। इस विश्व कप में इन पांच खिलाड़ियों की भूमिका टीम की सफलता के लिए निर्णायक साबित हो सकती है।