आगरा में दिल दहला देने वाली घटना: लापता 8 वर्षीय बच्ची का शव घर के किराए के कमरे से बरामद, आरोपी फरार
आगरा | 26 मार्च 2026 उत्तर प्रदेश के आगरा जिले के ताजगंज क्षेत्र में एक आठ वर्षीय बच्ची की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। पुलिस के अनुसार, बच्ची 24 मार्च को शाम करीब 4 बजे सिद्धांत नगर इलाके से लापता हो गई थी। परिवार द्वारा सूचना दिए जाने के बाद पुलिस ने तुरंत खोज अभियान शुरू किया और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए। जांच के दौरान पुलिस को शक एक किराए के कमरे पर गया, जो उसी मकान में रह रहे एक व्यक्ति सुनील के नाम पर था। जब कमरे का ताला तोड़ा गया, तो अंदर आटे के डिब्बे में बच्ची का शव बरामद हुआ। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी सुनील घटना के बाद से फरार है और उसे पकड़ने के लिए कई टीमों का गठन किया गया है। बताया जा रहा है कि आरोपी पिछले करीब एक साल से उसी मकान में किराए पर रह रहा था और बच्ची के परिवार के जूता कारखाने में काम करता था। हैरानी की बात यह है कि बच्ची के लापता होने के बाद वह खुद भी खोजबीन में शामिल हुआ था, लेकिन बाद में अचानक कमरे को बंद कर फरार हो गया, जिससे उस पर संदेह और गहरा गया। इस घटना से आक्रोशित स्थानीय लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच जारी है। अधिकारियों का कहना है कि दोषी को जल्द गिरफ्तार कर कानून के तहत कड़ी सजा दिलाई जाएगी। आगरा में दिल दहला देने वाली घटना: लापता 8 वर्षीय बच्ची का शव घर के किराए के कमरे से बरामद, आरोपी फरार उत्तर प्रदेश के आगरा जिले के ताजगंज क्षेत्र में एक आठ वर्षीय बच्ची की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। पुलिस के अनुसार, बच्ची 24 मार्च को शाम करीब 4 बजे सिद्धांत नगर इलाके से लापता हो गई थी। परिवार द्वारा सूचना दिए जाने के बाद पुलिस ने तुरंत खोज अभियान शुरू किया और आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए। जांच के दौरान पुलिस को शक एक किराए के कमरे पर गया, जो उसी मकान में रह रहे एक व्यक्ति सुनील के नाम पर था। जब कमरे का ताला तोड़ा गया, तो अंदर आटे के डिब्बे में बच्ची का शव बरामद हुआ। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी सुनील घटना के बाद से फरार है और उसे पकड़ने के लिए कई टीमों का गठन किया गया है। बताया जा रहा है कि आरोपी पिछले करीब एक साल से उसी मकान में किराए पर रह रहा था और बच्ची के परिवार के जूता कारखाने में काम करता था। हैरानी की बात यह है कि बच्ची के लापता होने के बाद वह खुद भी खोजबीन में शामिल हुआ था, लेकिन बाद में अचानक कमरे को बंद कर फरार हो गया, जिससे उस पर संदेह और गहरा गया। इस घटना से आक्रोशित स्थानीय लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया और आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच जारी है। अधिकारियों का कहना है कि दोषी को जल्द गिरफ्तार कर कानून के तहत कड़ी सजा दिलाई जाएगी।