शांतिकुंज शताब्दी समारोह में आज अमित शाह का संबोधन, हरिद्वार में भव्य आयोजन की तैयारियां पूरी
हरिद्वार | 20 जनवरी 2026 शांतिकुंज की ओर से बैरागीद्वीप में आयोजित किए जा रहे शताब्दी समारोह को लेकर आज का दिन विशेष रहने वाला है। समारोह के दूसरे सत्र में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह शामिल होंगे और उपस्थित जनसमूह को संबोधित करेंगे। उनके साथ पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश प्रभु और स्वामी परमात्मानंद भी मंच साझा करेंगे। समारोह का पहला सत्र आध्यात्मिक रंग में रंगा रहेगा। योग गुरु स्वामी रामदेव और आध्यात्मिक प्रवक्ता बाबा बालक नाथ ज्योति कलश यात्रा का शुभारंभ करेंगे। इस यात्रा के साथ शांतिकुंज के सौ वर्षों की साधना, सेवा और संस्कारों की परंपरा को आगे बढ़ाने का संदेश दिया जाएगा। केंद्रीय गृह मंत्री के आगमन को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। सोमवार को केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों की टीम आयोजन स्थल पर पहुंची और स्थानीय पुलिस व प्रशासन के साथ व्यवस्थाओं का जायजा लिया। मंच, प्रवेश मार्ग, सभा स्थल और सुरक्षा घेरों को लेकर विस्तृत योजना बनाई गई है। गृह मंत्री के कार्यक्रम को लेकर सचिवालय स्तर पर भी तैयारियां की गई हैं। मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन की अध्यक्षता में बैठक कर सभी विभागों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का कहना है कि आयोजन को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराया जाएगा, ताकि श्रद्धालु और अतिथि बिना किसी परेशानी के कार्यक्रम में शामिल हो शांतिकुंज शताब्दी समारोह: बैरागीद्वीप में आज गूंजेगा अमित शाह का संबोधन शांतिकुंज की ओर से बैरागीद्वीप में आयोजित शताब्दी समारोह आज अपने अहम पड़ाव पर पहुंच रहा है। समारोह के दूसरे सत्र में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह शामिल होंगे और साधकों व श्रद्धालुओं को संबोधित करेंगे। इस अवसर पर पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश प्रभु और स्वामी परमात्मानंद भी मंच पर मौजूद रहेंगे। कार्यक्रम का पहला सत्र आध्यात्मिक वातावरण में आयोजित होगा, जिसमें योग गुरु स्वामी रामदेव और बाबा बालक नाथ ज्योति कलश यात्रा का शुभारंभ करेंगे। यह यात्रा शांतिकुंज की सौ वर्षों की साधना, सेवा और समाज निर्माण की यात्रा का प्रतीक मानी जा रही है। केंद्रीय गृह मंत्री के दौरे को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था को विशेष रूप से मजबूत किया गया है। केंद्रीय एजेंसियों ने स्थानीय पुलिस और प्रशासन के साथ मिलकर आयोजन स्थल की तैयारियों का निरीक्षण किया है, ताकि कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके। इस कार्यक्रम को लेकर शासन स्तर पर भी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन की अध्यक्षता में सचिवालय में बैठक कर सभी विभागों को जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। प्रशासन का कहना है कि श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी।