श्रीगंगानगर में रेलवे ट्रैक पर विस्फोट, दो स्लीपर टूटे; ट्रेन को निशाना बनाने की आशंका
नई दिल्ली, 04 नवंबर 2026 राजस्थान के श्रीगंगानगर में रेलवे ट्रैक पर हुए संदिग्ध धमाके ने सुरक्षा एजेंसियों को सतर्क कर दिया है। सीमावर्ती इलाके में हुई इस घटना में अनूपगढ़-सूरतगढ़ रेलखंड को नुकसान पहुंचा है। रामसिंहपुर क्षेत्र के गांव 50 जीबी के पास मंगलवार रात हुए विस्फोट से पटरी के नीचे लगे सीमेंट के दो स्लीपर पूरी तरह टूट गए। धमाके के कारण रेलवे लाइन के बीच करीब दो फीट गहरा गड्ढा बन गया। घटना के बाद पुलिस से लेकर केंद्रीय जांच एजेंसियों तक ने मामले की पड़ताल शुरू कर दी है। मंगलवार रात करीब 9:45 बजे हुए विस्फोट की आवाज घटनास्थल से लगभग 200 मीटर दूर स्थित ढाणी तक सुनाई दी। तेज आवाज सुनकर आसपास के किसान और ग्रामीण घरों से बाहर निकल आए। शुरुआत में उन्हें सड़क हादसा होने का अंदेशा हुआ, लेकिन मौके पर पहुंचने पर रेलवे ट्रैक के पास विस्फोट की जानकारी मिली। ग्रामीणों ने तुरंत रेलवे गेटमैन को इसकी सूचना दी। इसके बाद रेलवे प्रशासन और पुलिस को मामले से अवगत कराया गया। रात करीब 11 बजे रामसिंहपुर पुलिस और अन्य अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने साक्ष्यों को सुरक्षित रखने के लिए पूरे क्षेत्र की घेराबंदी कर लोगों की आवाजाही पर रोक लगा दी। रामसिंहपुर सीआई राम प्रताप के अनुसार, मंगलवार रात करीब 8:30 बजे अनूपगढ़ से सूरतगढ़ के लिए यात्री ट्रेन रवाना हुई थी। यह ट्रेन रात करीब 9 बजे गांव 50 जीबी के आसपास से गुजरी, जबकि विस्फोट लगभग 45 मिनट बाद हुआ। जांच एजेंसियां ट्रेन के गुजरने और धमाके के बीच के अंतराल को ध्यान में रखकर भी जांच कर रही हैं। इसके साथ ही सुबह अनूपगढ़ से बठिंडा जाने वाली ट्रेन को निशाना बनाए जाने की आशंका भी जताई जा रही है। हालांकि, पुलिस ने फिलहाल किसी सुनियोजित साजिश या ट्रेन को उड़ाने की कोशिश की पुष्टि नहीं की है। धमाके की तीव्रता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि पटरी के नीचे लगे सीमेंट के दोनों स्लीपर पूरी तरह टूट गए। उनका कंक्रीट बिखर गया और अंदर मौजूद लोहे की सरियों का ढांचा बाहर आ गया। विस्फोट के प्रभाव से आसपास की गिट्टी भी दूर तक फैल गई और रेलवे पटरियों के बीच करीब दो फीट गहरा गड्ढा बन गया। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस, रेलवे प्रशासन, इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी), सीआईडी, एंटी टेररिस्ट स्क्वॉड (एटीएस), फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (एफएसएल) और बम निरोधक दस्ते की टीमें जांच में जुटी हैं। एसपी हरिशंकर यादव ने बताया कि विस्फोट के पीछे की वजह का पता लगाने के लिए सभी संभावित पहलुओं की जांच की जा रही है। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं है कि रेलवे ट्रैक पर धमाका किन परिस्थितियों में हुआ। एफएसएल और बम निरोधक दस्ते की जांच के बाद ही विस्फोट की प्रकृति और उसके कारणों को लेकर स्थिति साफ हो सकेगी। सुरक्षा एजेंसियां घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने के साथ ही पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने में लगी हैं।